लाइफ में पहला लंड चूत के अंदर घुसा – Life Mein Pehla Land Chut Ke Andra Ghusa

life ka pehla lund jo chut ke andar ghusa - hindi sex story
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भाउज के दोस्तों आप सभी के लिए आज एक बहत अछि खास कहानी हे | आपकी सेक्स चाहत को और जगाने के लिए भाउज के ये प्रयास पर आप सभी का साथ देना और हमें इतना आचि अछि प्यार भरी कहानियां भेजना बड़ी बात हे | तो अब आप मजा लेते रहिये ईसिस हिंदी सेक्स स्टोरी की…..

उस समय मैं २० साल की हो गयी थी . मैं एक कॉलेज में पढ़ती थी . खूब चंचल और शोख स्वभाव की थी मैं . सबसे खूब ढेर सारी बातें करती थी मैं लडको से भी और लड़कियों से भी . कॉलेज में बड़ी मशहूर थी पढ़ाई में भी और शैतानी में भी . यहाँ तक की मैं टीचरों को नहीं छोड़ती थी . मैं उनसे भी शैतानी करती थी . हर प्रोग्राम में पार्टीसिपेट करती थी और जीतती थी . कोई ऐसा बिषय नहीं था जिसे मैं जानती नहीं थी . लेकिन बस एक ही कमजोरी थी की मैं ” लण्ड ” के बारे में कुछ भी नहीं बोल पाती थी . लड़कियां बहन चोद  हर दिन लण्ड की बातें करती थी और मैं चुप चाप सुना करती थी . कुछ कह नहीं पाती थी . जबाब नहीं दे पाती थी . एक दिन हम कई लड़कियां आपस में खड़ी खड़ी बातें कर रही थी .
एक बोली :- यार मेरे जीजू का लौड़ा बहन चोद बड़ा मोटा है साला ? मेरी तो मुठ्ठी में ही नहीं आता ?
दूसरी बोली :- हाय हामिद का लण्ड देखा है ? ८” लम्बा है मादर चोद का . उस दिन मेरी चूत फटते फटते बची ? तीसरी बोली :- यार इंग्लिश टीचर का लण्ड देखा है तुमने ? साला  गोरा गोरा चिकना लण्ड चाटने में बड़ा मज़ा आता है . मोटा तो इतना है की मेरी माँ के भोषडा भी फाड़ डाले ?
चौथी बोली :- मेरे डैड का लण्ड , ओ माई गॉड ? मेरी मोंम क्या मेरी मौसी भी उसे झेल नहीं पाती ?
पांचवी बोली :- यार लण्ड हो तो शब्बीर अंकल के लण्ड जैसा ? खड़ा होने पर ९” का हो जाता है . सुना है की वो अपने मोहल्ले की सभी औरतों को चोदता है बहन चोद ? मैंने एक दिन पकड़ा तो जैसे तैसे मुठ्ठ मार कर लण्ड ढीला किया और भाग निकली ?
मैं मुंह लटकाए हुए सब सुना करती थी . लड़कियां मेरी मजाक भी उड़ाती थी . मुझसे बरदास्त नहीं होता था . कोई कहती – अरे ये तो अभी बच्ची है बिचारी ये क्या जाने लण्ड क्या होता है ?

कोई कहती –  हां हां यार इसकी तो अभी झांटें भी नहीं आयी होंगी तो लण्ड कमज़ा क्या जाने अभी ?
कोई कहती – कोई  इसे पकडाता ही नहीं होगा लण्ड बच्ची समझ के ?
कोई कहती – अरे तो क्या हुआ किसी दिन अपनी माँ से पूंछ ले न लण्ड क्या होता है ?
कोई  कहती – अरे छोडो यार ये जब चखेगी तभी इसे मालूम होगा की लण्ड क्या होता है ?
मैं जब ये सब सुनती थी तो मेरी झांटें सुलगने लगती थी . एक दिन मैंने सोंच लिया की मैं अब लण्ड पकड़ कर ही दम लूंगी .
मेरा नाम रूबी है और मैं उस दिन से लण्ड के फिराक में इधर उधर घूमने लगी . पता पता करते करते मुझे मालूम हुआ की मेरे घर से थोड़ी दूर एक अंकल है जैकब . वो इंग्लिश अच्छी पढ़ाते है . देखने में अंकल बड़े स्मार्ट लगते है .गोरे चिट्टे है .उनका चेहरा  हमेशा चमकता रहता है . उनके लाल लाल गाल बड़े प्यारे लगते है . बस मैं एक दिन सीधे उनके पास चली गयी और उनसे पढने की इच्छा ज़ाहिर की . वह मान गये और कहा ठीक है कल से आ जाया करो . मैं पहले ही दिन बन ठन कर गयी , अंकल अकेले रहते थे . वो मुझे देख कर खुश हो गये . मैं मन ही मन सोंचने लगी की मेरा काम बन जायेगा ?

Meri khubsurat chunchiyan
दोस्तों, मैं आपको बता दूं की मेरी चूंचियाँ बड़ी बड़ी हो गयी है अभी और बढती ही जा रही है  . मुझे हर दूसरे महीने अपनी ब्रा बदलनी पड़ती है . मेरे चूतड़ हर रोज़ बढ़ते चले जा रहे है . मेरी घनी घनी झांटें बड़ी सेक्सी लगती है . इसलिए मैं व्यूटी पार्लर जाकर झांटों की डिजाईन बनवाती हूँ . मैं पहले ही दिन से अपनी चूंची अंकल के सामने रख कर पढने लगी . अंकल की निगाहें मेरी चूंचियाँ देखने लगी . हर दिन यही होने लगा . मैं धीरे धीरे और टाईट कपडे पहन कर जाने लगी . मुझे समझ में आ गया की अंकल मेरी ओर खिंच रहे है . एक दिन अंकल ने कहा रूबी कल मेरे यहाँ एक छोटी सी डांस पार्टी है तुम जरुर आना ?  मैंने कहा हां अंकल  मैं जरुर आऊंगी . मैं लो वेस्ट की जींस और बिना ब्रा के टॉप पहन कर चली गयी . अंकल तो मुझे देख कर अपने होंठ चाटने लगे . मैं समझ गयी की उसे चोट सही जगह लगी है.
वह बोला :- रूबी तुम व्हिस्की लोगी ?
मैं बोली :- अरे अंकल मैं एक क्रिश्चियन लड़की हूँ . मैं शराब खूब पीती हूँ .
बस फिर क्या वो खुश हो गये और हम दोनों शराब पीने लगे . थोड़ी देर  में २/३ लड़के और २/३ लड़कियां भी आ गयी . सब पीने लगे शराब . फिर क्या होने लगा डांस ? आधे घंटे में सब नशे में आ गये . लोगों के कपडे इधर उधर होने लगे . किसी की चूंची खुल गयी . किसी की गांड खुल गयी . किसी की झांटें दिखने लगी . किसी का लण्ड अन्दर से खड़ा होने लगा . जाते समय
एक लड़की बोली :- हाय भोषड़ी के अंकल ,  अगले प्रोग्राम में मैं कपडे खोल कर बिलकुल नंगी नाचूंगी
एक लड़का बोला :-  सर,  एक दिन न्यूड डांस का प्रोग्राम रखिये न ?
मैं भी नशे में थी , मेरी जींस की एक बटन खुली थी . मेरी झांटें दिख रही थी . मेरी चूंचियाँ भी खुल गयी थी . अंकल की निगाहें वही टिकी हुई थी .
दूसरे दिन मैं जब आयी तो बहुत खुश थी  अंकल भी खुश थे . मैंने कहा अंकल कल तो मज़ा आ गया  . वह बोला रूबी अगले प्रोग्राम में तो और मज़ा आएगा तुम देखती जाओ बस ?  यह सुनकर मैं उससे लिपट गयी . वह भी मुझे गले लगा कर मेरे चूतड़ों पर हाथ फेरने लगा . मेरी चुम्मी लेने लगा . मेरे गाल चूमे मेरे होंठ चूमे .  बोला रूबी तुम बहुत खूबसूरत हो सेक्सी हो मुझे बहुत अच्छी लगती हो . मैंने कहा अंकल तुम भी तो बड़े स्मार्ट हो हैंडसम हो ?  मुझे बहुत अच्छे लगते हो .
बात करते हुए मेरी चूंचियाँ उसके बदन से बार बार टकरा रही थी . बीच बीच में मैं खुद रगड़ने लगती थी चूंचियाँ ? अंकल का हाथ चला ही गया मेरी चूंचियों पर मेरा टॉप बिलकुल खुल चुका था . मैंने उसे पूरा खोल कर नीचे फेंक दिया . अब मेरी दोनों नंगी चूंचियाँ देख कर उसके तन बदन में आग लग गयी .  वह बोला रूबी कितनी प्यारी प्यारी सुडौल और सख्त चूंचियाँ है तेरी ?  वह उन्हें खूब मसलने लगा . निपल्स सहलाने लगा . मेरे दोनों हाथ उसके नंगे बदन पर चल रहे थे . अचानक एक हाथ नीचे चला गया और मैं उसका लण्ड टटोलने लगी  . मैंने हिम्मत की और उसकी पैंट की जिप खोल कर अन्दर हाथ घुसेड़ दिया . बस उसका लण्ड मेरे हाथ में आ गया . मैं समझ गयी की लण्ड बड़ा मोटा है . मैं फिर रुक न सकी और फ़टाफ़ट उसकी पैंट खोल कर उसे नंगा कर दिया . उसका लण्ड मुठ्ठी में लिया और ऊपर नीचे करने लगी .
मैंने कहा :- ये तो साला बड़ा मोटा है अंकल ?
वह बोला :-  ये क्या है रूबी ?
मैं बोली :- ये आपके आगे वाला है अंकल ? बड़ा प्यारा है
वह बोला :- इसे क्या कहते है रूबी ? इसका नाम क्या है ?
मैंने कहा :- इसे लण्ड कहते है अंकल
वह बोला :- इसका नाम कई बार बोलो रूबी ?
मैंने कहा :- लण्ड लण्ड और लण्ड बहन चोद लण्ड  ?
वह बोला :- इसका एक और नाम है रूबी ?
मैं बोली :- हां ये लौड़ा है अंकल लौड़ा साला लौड़ा ? हमारे कॉलेज की कुछ गाँव की लड़कियां इसे लाँड लाँड भी कहती है अंकल ? पर मुझे लण्ड कहना अच्छा लगता है ?
अंकल को मज़ा आ गया और उसका लण्ड और ज्यादा टन्ना कर खड़ा हो गया . इतने में वो सोफे पर बैठ गया और मैं नीचे घुटनों के बल . मेरी चूंचियाँ लण्ड से टकराने लगी . मैं लण्ड मुठ्ठी में लेकर बार बार ऊपर नीचे करने लगी . बीच बीच में सुपाड़ा चूमने चाटने लगी . अंकल ने अपनी गांड खसका कर लण्ड मेरे मुंह में घुसेड़ दिया . मैं चाटने लगी लण्ड . तब तक मेरी नज़र एक इंची टेप पर पड़ी . मैंने उसे उठाया और लण्ड नापने लगी . मेरी नापने की स्टाइल से लण्ड और कड़क हो गया .
मैं बोली :- वाओ, अंकल ये तो साला ८ १/२” लम्बा है और ५ १/२” मोटा है बहन चोद ?
मेरे मुंह से गाली सुनकर वह और जोश में आ गया . उसने कहा रूबी तुम लण्ड का मुठ्ठ मारो . मैंने कहा कैसे मारते है मुठ्ठ अंकल . उसने बताया की लण्ड मुठ्ठी में लो और उसे नीचे पूरा खींच लो तो सुपाड़ा पूरा खुल जायेगा फिर मुठ्ठी ऊपर ले आओ तो सुपाड़ा आधा बंद हो जायेगा  बार बार ऐसे ही जल्दी जल्दी करती रहो .इसी को मुठ्ठ मारना कहते है , इसे सड़का मारना या फिर सड़का लगाना भी कहते है . जितनी तेज रफ़्तार से करोगी उतना ही मज़ा आएगा . फिर थोड़ी देर में इससे सफ़ेद सफ़ेद मलाई निकलेगी . उसे तुम मुंह में लेना . जबान निकाल कर पूरी मलाई चाट लेना .पहले थोडा अजीब लगेगा बाद में मज़ा आने लगेगा .
मैं बोली :- अच्छा, इसी को लण्ड पीना कहते है, अंकल ?
वह बोला :- हा रूबी इसी को लण्ड पीना कहते है . लण्ड पीने और पिलाने में दोनों को मज़ा आता है .
बस जैसा अंकल ने कहा था मैंने वैसे ही लण्ड मुठ्ठी में लिया और दनादन्न ऊपर नीचे करने लगी . उसका सुपाड़ा फूलता जा रहा था . मैं जबान निकाल कर सुपाडा बार बार छू लेती थी .
वह बोला  :- हां रूबी मज़ा आने लगा है.  तुम और जोर जोर से करो , जल्दी जल्दी करो, और तेज करो . हां, ओ,  हो, युई, आ, हो, आ,  कितना मज़ा आ  रहा है . तेरे हाथों में जादू है रूबी .  तू बहुत बढ़िया मुठ्ठ मार लेती है . अपनी तारीफ सुनकर मुझे और जोश आ गया , मैंने मुंह फैला दिया लण्ड के आगे . वह बोला हां, आ, ओ, हो, रूबी मैं खलास होने वाला हूँ . और उसकी एक बड़ी सी पिचकारी लण्ड से निकली और सीधे मेरे मुंह में चली गयी . दूसरी भी गयी मुंह में ? फिर तो पूरा लण्ड ही घुसेड़ लिया मैंने अपने मुंह में और एक एक बूँद चूसने लगी . थोड़ी देर में मैंने लण्ड मुंह से निकाला और फिर बाहर से उसे चारों तरफ से चाटने लगी .
अंकल बोला :- रूबी यार कई लड़कियों ने मेरा लण्ड पिया है लेकिन जिस तरह से तुमने लण्ड पीकर मज़ा दिया  है उस तरह किसी ने नहीं  दिया . तुम सबसे अच्छी लण्ड पीने वाली लड़की हो .
मैं अंकल से लिपट गयी . उसने मुझे प्यार किया और मैंने उसे .
मैं जब जाने लगी तो वह बोला :- रूबी तुम जल्दी ही वापस आना . मैं तुम्हे चोदूंगा . तुम्हारी चूत चोदूंगा तब तुम्हे ज़न्नत का मज़ा आएगा .
दूसरे ही दिन मैं मौका देख कर पहुँच गयी अंकल के पास . मैं जब एक बार उसके सामने नंगी हो चुकी थी तो अब उसके सामने मुझे नंगी होने में देर नहीं लगती थी . मैंने फ़ौरन अपने कपडे उतार दिया और अंकल के कपडे खोलने लगी . उसका जब लौड़ा खुला तो मैंने झुक कर उसे चूमा पकड़ कर हिलाया और पेल्हड़ चूमा . अंकल मुझे बेड पर ले गया . उसका लण्ड खड़ा था मेरी चूंचियाँ तनी हुई थी . मेरी चूत गरमा रही थी . अंकल मेरी चूत  सहलाने लगा . मेरी झांटों पर ऊंगली फेरने लगा . फिर उसने अपना मुंह मेरी चूत पर रख कर उसे चाटने लगा . मैं पहली बार किसी मर्द को अपनी चूत चटवाने लगी . उसके दोनों हाथ मेरी चूंची पर थे . मुंह मेरी चूत पर और उसकी जबान चूत के अन्दर . मुझे बहुत ज्यादा ही मज़ा आने लगा . मैं सिसियाने लगी .

uncle ne bari bari mujhe leta ke choda
१० मिनट के बाद अंकल बोला :- रूबी, अब मैं पेलूँगा लण्ड तेरी चूत में . पहले थोडा दर्द होगा पर धीरे धीरे मज़ा आने लगेगा . मैं जानता हूँ की तेरी बुर गीली हो गयी है . वह लण्ड लेने के लिये तैयार है . इसलिए ज्यादा दर्द नहीं होगा .
उसने  घुसेड़ दिया लण्ड . मैं चीख पड़ी हाय रे अंकल साले इतनी बेरहमी से पेल दिया लण्ड बहन चोद ? बड़ा मोटा है लण्ड . मेरी तो जान ही निकल गयी . उसने धीरे धीरे कई बार लण्ड अन्दर बाहर किया . फिर मैं बोली हाय अंकल जल्दी जल्दी चोदो न ? पूरा लण्ड पेल कर चोदो ? गांड से जोर लगा के चोदो, भोषड़ी के अंकल . मेरी गालियाँ सुनकर उसमे जोश आ गया और मैं गचागच चुदाने लगी . आखिर में फिर उसी तरह मुठ्ठ मारा और जी भर कर लण्ड पिया . इस बार लण्ड पीने में ज्यादा मज़ा आया .
मैं एक घंटा वहीँ रुकी रही . नहाया धोया . अंकल को  नहलाया . उसका लण्ड नहलाया . फिर खाना खाया और ढेर सारी सेक्सी और अश्लील बातें की . मैं दुबारा लण्ड सहलाने लगी . लण्ड खड़ा होने लगा . और फिर चुदाया झमाझम ? अब मुझे अंकल से चुदाने का चस्का लग गया .मैं जब चुदासी होती तो अंकल के पास चली जाती और बिंदास उसका लण्ड अपनी बुर में घुसा लेती .
एक दिन मैं जेसिका आंटी के घर गयी. इतने में उसका फोन आ गया . वह बोलने लगी ,,,, हां बोलो कैंडी ,,,,,,,क्या उसका लण्ड ९” का था . फिर तो तेरी चूत ने खूब मज़ा किया होगा ? ,,,,,,,,,हाँ मैंने भी चुदाया है उससे लण्ड जबर्दस्त है उसका लण्ड ? ,,,,,,,,,,,,,अच्छा अपनी माँ भी चुदाएगी  ,,,,,,,,,,,,,, ?   उसकी तो माँ का भोषडा साली कुतिया ,,,,,,,,,उसकी तो मैं गांड मारूंगी किसी दिन ,,,,,,,,,,,,,,,,नहीं यार उसका लण्ड छोटा है, मैंने मुठ्ठ मार कर लण्ड पी तो लिया पर चुदाया नहीं ? ,,,,,,,,,,,हुबहू उसके लण्ड की तरह है ? नहीं ऐसा नहीं होगा ,,,,,,,,,,,,,,, हां गांड भी मराती हूँ ,,,,,,,,,,,,,दो लण्ड तो सीधे बुर में घुसा लती हूँ मैं ? ,,,,,,,,,,,,क्या तीन  लड़के एक साथ चोदेंगे मुझे ? ,,,,,,,,,,,हां ,,,, कोई बात नहीं मैं चुदा लूंगी . भेजो  उन मादर चोदों को ? वह पीछे मुड़ी तो मैं बैठी थी .

आंटी बोली :_ अरी रूबी,  क्या हाल है  ? कोई लौड़ा पकड़ा अभी तक की नहीं ?

हा पकड़ा है आंटी .

कितना बड़ा था लण्ड उसका ?

यही कोई ८ १/२” लम्बा और ५ १/२” मोटा ?

तो पहले पिया होगा लण्ड और फिर पेला होगा चूत में थोडा दर्द हुआ होगा फिर मज़ा आया होगा ?

अरे आंटी आप ये सब कैसे जान गयी ?

अरी मेरी बुर चोदी रूबी मैं २० साल से चुदा रही हूँ . सैकड़ों लण्ड मेरे इस भोषडा में घुस चुके है .

लण्ड तो सब एक जैसे ही होंगे न आंटी ?

अरे नहीं मेरी रानी माँ की लौड़ी ? दुनिया में जितने आदमी है उतने तरह के लण्ड है , हर एक लण्ड अलग होता है . एक ही शक्ल के दो लण्ड नहीं होते ? ये गॉड का करिश्मा है . इसीलिए लड़कियां / औरतें कई मर्दों से चुदाती है . लण्ड के पीछे भागती है . यही नहीं . चूंचियाँ सबकी अलग अलग होती है . चूत सबकी अलग अलग होती है . इसीलिए मर्दों को औरतें चोदने में मज़ा आता है .

एक दिन मैं बहुत चुदासी हो गयी . मैंने सोंचा चलो अंकल से चुदाया जाये ? मैं बस जीस और टॉप पहन कर चली गयी ,. बेल बजाय तो सामने एक आदमी मिला . वो बोला जैकब नहीं है मैं का दोस्त स्टोन हूँ . मुझे वो अच्छा लगा मैं अन्दर घुस गयी . मैं उससे बातें करने लगी . अपनी चूंचियाँ दिखा दिखा कर बातें करने लगी . उसकी जांघ पर हाथ मार मार कर बातें करने लगी .
वह बोला  :- रूबी तुम इसी तरह जैकब से बातें करती हो

मैंने कहा :- उससे तो और गन्दी गन्दी बातें करती हूँ .
वह बोला :-  गालियाँ देती हो उसके आगे ?
मैंने कहा :- हां खूब देती हूँ . झमाझम बिंदास देती हूँ .
वह बोला :- किस तरह की गालियाँ देती हो ?
मैं बोली :- मादर चोद , बहन चोद , कुत्ते,  हरामी,  तेरी माँ का भोषडा , तेरी बिटिया की बुर,  कमीने, तेरी गांड में घुसेड़ दूँगी हाथ भर का लण्ड,  तेरी माँ की चूत , बहन की बुर , बेटी चोद  माँ का लौड़ा , गांडू कहीं का,  तेरा लण्ड नोंच लूंगी,  भोषड़ी के ?
मैंने और गालियाँ सुनायी की उसका लण्ड खड़ा हो जाये और वो मुझे चोदे ? मेरी गालियाँ सुनकर उसने मुझे अपनी तरफ खींच लिया और मेरी चूंची सहलाने लगा . इतने में जैकब अंकल आ गये . उसके साथ एक लड़की थी . अंकल ने कहा रूबी ये है किस रूपा . और तुम मेरे दोस्त स्टोन से मिल चुकी हो . अंकल फिर बोला :- रूबी तुम मेरा लण्ड पकड़  के रूपा को पकड़ा दो . और रूपा तुम मेरे दोस्त का लण्ड पकड़ के रूबी को पकड़ा दो . आज मैं रूपा को चोदूंगा और मेरा दोस्त रूबी को चोदेगा ? हम दोनों आने सामने यही चोदेंगे ? वास्तव मैं रूपा को यहाँ चोदने के लिए ही लाया हूँ . मेरे हाथ में जब स्टोन का लण्ड आया तो मैं हैरान हो गयी ?कितना खूबसूरत और कितना बड़ा लण्ड ? मैंने मन से खूब चुदाया स्टोन से ? उधर रूपा भी खूब मजे से चुदवाती रही .
चुदाई के बाद रूपा बोली :- मैं तो जैकब अंकल से चुदाने आयी थी पर मुझे यहाँ स्टोन अंकल से भी चुदाने का मौका मिल गया ? एक लण्ड की तलास में दो लण्ड मिल गये  मुझे ?
मैंने कहा :- हां रूपा मेरे साथ भी यही हुआ . मैं जैकब अंकल का लण्ड पकड़ने आयी थी मुझे यहाँ स्टोन अंकल का भी लण्ड मिल गया . मैं बहुत लकी हूँ .
अब मैं अपने कॉलेज की लड़कियों से मुकाबला कर सकती हूँ . उनकी माँ का भोषडा ?
तो दोस्तों,  ये था मेरी लाईफ का पहला लण्ड ?

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